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मंडी शुल्क मे भारी बढ़ोतरी से बढ़ेगी मंहगाई*किसान विरोधी आधा प्रतिशत शुल्क कम का फैला रहे भ्रम.................. रघुवंशी

मंडी शुल्क मे भारी बढ़ोतरी से बढ़ेगी मंहगाई
किसान विरोधी आधा प्रतिशत शुल्क कम का फैला रहे भ्रम.................. रघुवंशी।

बुरहानपुर 
बुरहानपुर जिला केला आधारित फ़सल के जाना जाता है, जबकि पुरे जिले के किसान लगभग उसी फ़सल पर निर्भर है, किन्तु उस फ़सल पर विगत वर्षो से प्राकृतिक आपदाओ ने किसानों को बर्बाद कर रखा है उस पर सरकार भी किसानों को दोहरी मार मार रही है, एक तरफ तो उन्हें कोई मुआवजा नहीं दे रही तो दूसरी तरफ फसलों पर मंडी शुल्क मे वृद्धि कर रही है.!

उक्त बात कहते हुए कांग्रेस नेता अजयसिंह रघुवंशी ने भाजपा सरकार पर किसान विरोधी होने का आरोप लगाया.!

श्री रघुवंशी ने कहा की ये दो मुंही सरकार के सभी निर्णय किसान विरोधी ही होते है, एक तरफ इनके विधायक कपास पर मंडी शुल्क आधा प्रतिशत कम करने पर स्वयं ही अपनी पीठ थपथपा रहे है ।

जबकि सत्यता यह है, की विगत 20 वर्षो से प्रदेश मे भाजपा की सरकार के रहते जिनिंग मालिकों को इतनी प्रताडना दी गई की ये जिला जो केला और कपास के लिए कहलाता था वहां की समस्त जिनिंग फैक्ट्रीया बंद हो गई ओर जिले मे कपास लगना बंद हो गई तब इस सरकार ने उस पर शुल्क कम कर दिया जिससे किसानों को कोई लाभ नहीं होगा, जबकि नुकसान डेढ़ प्रतिशत बढ़ाये गए मंडी शुल्क से होगा वैसे भी देश मे छाई मंदी के चलते कारोबार बंद हो रहे है, अन्य प्रदेश शुल्क कम करने मे लगे है किन्तु म. प्र. की भाजपा सरकार शुल्क बढ़ाने मे लगी है!


श्री रघुवंशी ने कहा की जिस प्रकार कपास पर शुल्क बढ़ाकर जिले से कपास की फ़सल खत्म करने का काम भाजपा ने किया है उसी प्रकार केले की फ़सल के खिलाफ भी एक साजिश रच रही है, अन्य राज्यों मे जहाँ मंदी शुल्क लगातार घटाया जा रहे है वहा की फसलों की आवक बढ़ी है किन्तु शुल्क घटाने पर आवक लगभग खत्म हुई है!।

श्री रघुवंशी ने कहा की इस बढ़े हुए शुल्क के दुष्परिणाम ये होंगे की एक तो मंहगाई बढ़ेगी दूसरा प्रदेश का माल आसपास की मंडियो मे जायेगा जहाँ शुल्क कम है,अतः सरकार इस शुल्क को तत्काल वापस ले,अन्यथा किसान आंदोलन को बाध्य होगा!

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