इको पर्यटन क्षेत्र गिदली घुघरा में “अनुभूति कार्यक्रम” के जरिए विद्यार्थियों ने प्रकृति से सीखा जीवन का पाठ
इको पर्यटन क्षेत्र गिदली घुघरा में “अनुभूति कार्यक्रम” के जरिए विद्यार्थियों ने प्रकृति से सीखा जीवन का पाठ
मंडला - मध्य प्रदेश इको टूरिज्म विकास बोर्ड एवं मध्यप्रदेश वन विभाग के संयुक्त तत्वाधान में दिनांक 13 जनवरी 2026 को पश्चिम (सा) वनमंडल मंडला अंतर्गत वन परिक्षेत्र बम्हनी के इको-पर्यटन क्षेत्र गिदली घुघरा में अनुभूति कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया जिसकी थीम "मैं भी बाघ" "हम हैं बदलाव" "हम हैं धरती के दूत" रही। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को प्रकृति, वन एवं जैव विविधता के प्रति जागरूक करना तथा पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करना रहा।
इस कार्यक्रम में शासकीय सांदीपनि विद्यालय चिरईडोंगरी के कुल 135 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर श्री सी.एम. शर्मा, प्रशिक्षु IFS श्री आकाश साहू तथा वन परिक्षेत्र बम्हनी का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।
कार्यक्रम के दौरान प्रकृति पथ भ्रमण के माध्यम से विद्यार्थियों को वन क्षेत्र में पाए जाने वाले विभिन्न वृक्षों, वनस्पतियों एवं औषधीय महत्व की जड़ी-बूटियों की पहचान कराई गई तथा उनके उपयोग और महत्व की जानकारी दी गई। इसके साथ साथ वनक्षेत्र में विचरण करने वाले वन्यजीवों जैसे बाघ, तेंदुआ, सांभर और चीतल के अप्रत्यक्ष साक्ष्यों के माध्यम से वन्यप्राणियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई।
इसके साथ ही विद्यार्थियों को मृदा अपरदन एवं मृदा संरक्षण, वन्य जीवों और उनके प्राकृतिक पर्यावास के पारस्परिक सह-सम्बन्ध, वनों की पारिस्थितिकीय भूमिका एवं वनों में पाए जाने वाले लघु वनोपज जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर सरल एवं रोचक तरीके से जानकारी दी गई। बच्चों ने प्रत्यक्ष रूप से प्रकृति को देखकर सीखने का अनूठा अनुभव प्राप्त किया।
कार्यक्रम को और अधिक रोचक बनाने हेतु पर्यावरण आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों द्वारा पुरस्कृत किया गया।
इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में श्री आशुतोष महादेव ठाकुर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), श्री संस्कार बावरिया प्रशिक्षु डिप्टी कलेक्टर उपस्थित रहे जिनके द्वारा विद्यार्थियों से संवाद करते हुए पर्यावरण संरक्षण हेतु प्रोत्साहित किया गया। इसके अलावा जनप्रतिनिधि के रूप में धूपसिंह मरकाम सरपंच ग्राम पंचायत डुंगरिया, श्याम उइके अध्यक्ष वन सुरक्षा समिति झाँगुल भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में अतिथियों ने विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण की शपथ दिलाते हुए आह्वान किया कि वे प्रकृति संरक्षण को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार नागरिक की भूमिका निभाएं। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक होने के साथ-साथ प्रकृति से भावनात्मक जुड़ाव का प्रेरक माध्यम साबित हुआ।
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